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शहडोल जिले में नकली तेल की भरमार ,खाद्य विभाग के साहब जरा ध्यान तो दो

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शहडोल। जिले में वैसे भी नकली तेल बनाने का कारखाना संचालित है विश्नोमल मोटूमल के नाम से संचालित रमेश मिल के मालिक द्वारा सोयाबीन की फॉर्चून के नाम का एजेंसी लेकर एजेंसी के आड़ में नकली तेल किश्ती नामक तेल का निर्माण कर कर पूरे शहडोल जिले में नकली बेची जा रही है।

इसी तरह महाकोष और रुचि स्टार के नाम से मिलता जुलता नाम मार्केट में बेची जा रही है जिसमें 25 ग्राम से लेकर 75 ग्राम तक कम वजन की तौल में बेची जा रही है।सूत्रों के अनुसार अभिषेक ट्रेडर्स अमलाई व बाबा ट्रेडर्स बुढ़ार में नकली तेल महाकृष, रिचीह रिच, रूबी स्टार,रुच स्टार, महासुख एवं महोत्सव जैसे नकली तेल बेची जा रही है ।

इन तेलों को खाकर जनता बीमार पड़ रही है आज यह स्थिति हो गई है कि हर घर में कोई ना कोई बीमार है इसका कारण नकली सोयाबीन के तीनों का बढ़ता कारोबार।त्यौहार आते ही नकली मेवा, नकली दूध, नकली घी, नकली तेल, नकली मीठा, बेचने का कारोबार खूब फल फूल ने लगता है ।बेखौफ हो गए हैं नकली तेल के सौदागर इनको पता है कि इनके ऊपर कोई कार्यवाही नहीं होगी क्योंकि इन्हें मालूम है कि किसको- किसको कैसे मनाना है, यह कहना अतिशयोक्ति नहीं होगी कि खाद्य विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से यह गोरखधंधा फल फूल रहा है।

ग्राहक बेचारा मासूम होता है इस महंगाई के दौर में उसे कहीं भी कम दर पर कोई सामान मिल रहा है तो उसे खरीद लेता है परंतु जब ऐसे घटिया तेल को लोग खरीद कर खाते हैं तब से बीमार होना शुरू हो जाते हैं फिर जीना मरना लग जाता है लेकिन ऐसे घटिया तेल विक्रेताओं को अपनी चांदी काटने से मतलब होती है किसी के स्वास्थ्य इनका कोई मतलब नहीं होता है।

बीते कुछ दिन पहले बुढार हाईवे में लाखों रुपए का किश्ती नामक नकली तेल की खेप बेचने के लिए निकली थी लेकिन दुर्भाग्यवश वाहन पिकअप के अनियंत्रित होकर पलट जाने से लाखों का नकली तेल सड़क में बह गया यदि उसी समय प्रशासन हरकत में आई होती तो नकली तेल रंगे हाथों पकड़ी जाती।लाखों रुपए का टैक्स चोरी होती है ना तो बिल दिया जाता है और ना ही बिल लिया जाता है इस तरह लाखों रुपए की टैक्स की चोरी कर शासन को चूना लगाया जा रहा है।

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