पीएचडी एडमिशन मे विश्वविद्यालय कुलसचिव, कुलपति की दिखी दुर्भावना
अखिलेश कुमार शर्मा(7999140850 )
शहडोल ।विद्यालय छोटा हो या बडा लेकिन विद्यालय शिक्षा का मंदिर होता है और गुरु का दर्जा तो भगवान से बड कर माना जाता है पर जब कोई गुरु ही आपने शिष्या के भविष्य से खेले तो आप उस गुरु को क्या कहेगें जी हा एैसा ही कुछ वाक्या इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय अमरकंटक का प्रकाश मे आया है जहां विद्यार्थी ने विश्वविद्यालय मे पीएचडी एडमिशन के लिए सभी दस्तावेज एवं सभी टेस्ट परीक्षाओं मे प्रथम स्थान प्राप्त किया। विद्यार्थी ने विश्वविद्यालय की फिस भी जमा की पर पीएचडी परीक्षा के एक दिन पहने विश्वविद्यालय कुलसचिव ने पीएचडी की विद्यार्थी का प्रवेश ये कह कर निरस्त कर दिया । दिनांक 22.08.2021 दिन रविवार समय दोपहर 02:45 कुलसचिव द्वारा ईमेल के माध्यम से विद्यार्थी को यह बताया गया कि विद्यार्थी द्वारा प्रदान किए गए शैक्षणिक दस्तावेजों के आधार पर विद्यार्थी का पीएचडी में प्रवेश निरस्त कर दिया गया है विश्वविद्यालय कुलसचिव, कुलपति के द्वारा एक विद्यार्थी के जीवन के साथ जो खिलवाड किया गया है ।विद्यार्थी का शैक्षणिक करियर तबाह और बर्बाद हो सकता है ।जो कि दुर्भावना को प्रदर्शीत करता है जो एक गुरु की मर्यादा को कलंकित करता है वहीं इंदिरा गाँधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय अमरकंटक कुलसचिव, कुलपति को सवालो के खेरे मे खडा करता है…..
अगले अंक मे शेष……,


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