कन्नौज में फर्जीवाड़ा कर दबंगों ने हथिया ली 16-बीघा जमीन

कन्नौज से जिला संवाददाता ऋषि जैन बेबाक शक्ति न्यूज
कन्नौज। गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस की कारगुजारी से महिला और उसका परिवार दर-दर भटकने को विवश है। उसकी 16 बीघा जमीन को चचेरे चाचाओं ने फर्जीवाड़ा कर के हथिया लिया। जिसके सभी साक्ष्य पीड़िता के पास हैं। उसी के आधार पर पुलिस ने दबंगों के खिलाफ संगीन धाराओं में रिपोर्ट तो दर्ज कर ली, लेकिन 1 महीने बाद भी आरोपियों पर हाथ डालने की पुलिस हिम्मत नहीं जुटा पा रही। जबकि दूसरी तरफ महिला और उसके पति को मारने की धमकियां मिल रहीं हैं।कन्नौज में फर्जीवाड़ा कर दबंगों ने हथिया ली 16-बीघा जमीन:सबूत लेकर न्याय पाने को भटक रही पीड़िता, FIR के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
कन्नौज के गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस की कारगुजारी से महिला और उसका परिवार दर-दर भटकने को विवश है। उसकी 16 बीघा जमीन को चचेरे चाचाओं ने फर्जीवाड़ा कर के हथिया लिया। जिसके सभी साक्ष्य पीड़िता के पास हैं। उसी के आधार पर पुलिस ने दबंगों के खिलाफ संगीन धाराओं में रिपोर्ट तो दर्ज कर ली, लेकिन 1 महीने बाद भी आरोपियों पर हाथ डालने की पुलिस हिम्मत नहीं जुटा पा रही। जबकि दूसरी तरफ महिला और उसके पति को मारने की धमकियां मिल रहीं है।
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के मूसरी गांव के रहने वाले सुबोध सिंह तोमर की साढ़े 16 बीघा जमीन उनके 2 चचेरे चाचाओं ने मिलकर हथिया ली। इतना ही नहीं जमीन बैनामा के समय किसी दूसरे युवक को रजिस्ट्रार के सामने खड़ा कर के कागजी प्रक्रिया भी करवा ली। बैनामा के प्रपत्रों में सुबोध की जगह जिस युवक की फोटो का इस्तेमाल किया गया, उसको कोई जानता तक नहीं। गवाह की जगह पर नाम किसी और का लिखा और साइन किसी और नाम से किए गए। और फिर उन्हीं प्रपत्रों के आधार पर दबंगों ने सुबोध की 16 बीघा से अधिक जमीन कब्जा कर ली। जब ये बात सुबोध और उनकी पत्नी अपेक्षा चौहान को पता चली तो उन्होंने चचेरे चाचा से फर्जी बैनामे का विरोध किया। जिससे गुस्सा कर 2 चाचाओं ने उनके साथ मारपीट कर दी और कार्यवाही करने पर जान से मारने की धमकी तक दे डाली। ऐसे में दोनों घर छोड़कर सौरिख कस्बे में किराए के मकान में रहने चले गए। उन्होंने दबंगों पर रिपोर्ट लिखाने के लिए काफी प्रयास किए, लेकिन कार्रवाई करने के बजाय पुलिस उल्टा पीड़िता और उसके पति को समझा-बुझा कर लौटा देती रही। करीब डेढ़ महीने पहले जब पीड़िता अपेक्षा ठाकुर ने उच्चाधिकारियों के सामने फर्जीवाड़े के सबूत रखे तो उनके आदेश पर गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस ने मूसरि गांव के रहने वाले चंद्रभान, मनमोहन, हरवीर सिंह, रामवीर, देवेंद्र, राघवेंद्र व 1 अज्ञात के खिलाफ के तहत रिपोर्ट दर्ज कर ली।
रिपोर्ट दर्ज करने के 1 महीने बाद भी अरेस्टिंग नहीं।
एक महीना बीतने के बाद भी न गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस दबंगों को अरेस्ट कर सकी और न ही किसी भी आरोपी से पूछताछ करने की हिम्मत दिखाई। जिससे पीड़ित महिला और उनका पति डरा-सहमा है। महिला का आरोप है कि दबंगों का बड़ा परिवार है और सभी लोग हत्या करने की धमकी दे रहे हैं। महिला ने इस मामले की शिकायत मंत्री असीम अरुण से की है।न्याय के लिए महिला ने लगाई गुहार मूसरि गांव की रहने वाली महिला अपेक्षा सिंह चौहान ने न्याय पाने के लिए पुलिस अधीक्षक, समाज कल्याण मंत्री, महिला आयोग के अलावा 1076 व मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी गुहार लगाई। लेकिन जांच के नाम पर जिले के अधिकारी फर्जी और मनगढ़ंत रिपोर्ट लगाकर मामले को ठंडे बस्ते में डाल देते हैं।
मंत्री पर भारी कोतवाल
यूपी सरकार के समाज कल्याण मंत्री स्वतंत्र प्रभार असीम अरुण से करीब 1 महीने पहले पीड़िता ने मंत्री से न्याय की गुहार लगाई थी, तब उन्होंने गुरसहायगंज कोतवाल को कॉल कर के कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे, लेकिन इसके बावजूद पुलिस ने कोई एक्शन नहीं लिया। इसके बाद शनिवार को एक बार फिर पीड़िता ने मंत्री असीम अरुण से गुहार लगाई। ऐसे में मंत्री ने गुरसहायगंज कोतवाल से फोन पर बात की और कई बार फिर आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दे दिए। हालांकि 1 माह बीतने के बाद भी पुलिस ने कोई एक्शन नहीं लिया।

Subscribe to my channel
Comments are closed.