किशोरी हुए अंदर राजा बन गए सिकंदर आडानी का खेल ओर पुलिसिया मेल

शहडोल। प्राप्त जानकारी के अनुसार शहडोल जिले में कोयल का व्यवसाय निरंतर चल रहा है आखिर ऐसा क्या हुआ जिला पंचायत के पूर्व उपाध्यक्ष सहित सहयोगी अचानक ही पुलिस की गिरफ्त में आ गए क्या आपको नहीं लगता की पुलिस को शहडोल में वर्तमान के रहवासी किशन लाल चतुर्वेदी को पकड़ने में इतना समय लगा बहुत बड़ा विषय है राजा कौन है और इस कोयले का राजा कौन है विगत वर्षों में यहां की कोयला चोर विभिन्न राजनीतिक पदों में रहे कोयला चोरों की जानकारी क्या प्रशासन को नहीं रही हैं बेबाक शक्ति न्यूज़ इसकी पुष्टि नहीं करता है मगर अचानक ही वर्तमान पुलिस अधीक्षक कोयले चोरों को लेकर सजग कैसे हो गए हैं उसे समय के समान जाति के फलाने जन प्रतिनिधि कोयला चोर थे या नहीं थे लेकिन उनका बच्चा कौन है जिसका दबदबा भोपाल मंत्रालय से लेकर के दिल्ली मुख्यालय तक है और ऐसी कौन सी बात है और ऐसे कौन-कौन से लोग हैं जो पुलिस से चुप करके या पुलिस को कुछ सफेद लिफाफे देते हुए आज भी शहडोल में ही फरारी काट रहे हैं किशोरी टारगेट क्यों बना किशोरी से क्या लेना कोयले का व्यवसाय का मामला है सन 2016 का जब मामला 2016 का है उसे समय ड्राइवर चतुर्वेदी के अधीनस्थ कर्मचारी जेल में थे तो इतने दिनों तक किशोरी कैसे बाहर थे क्या केवल राजनीति दब दबे के कारण या पुलिसिया व्यवस्था के कारण आदिवासी बहुत क्षेत्र में क्या किशोरी लाल चतुर्वेदी के ऊपर ही लागू होती हे नियम कानून या कोयला किंग के राजा के ऊपर भी कुछ पुलिस कार्यवाही करती है..? देखते रहिए पूरा खुलासा बेबाक शक्ति न्यूज़ में

Subscribe to my channel
Comments are closed.