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विकास सचदेवा की ब्यूरो रिपोर्ट
समाज के बंधुत्व और उत्थान के लिए बाबा साहेब डॉ. अम्बेडकर के कार्य भूतो न भविष्यति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
डॉ. अम्बेडकर के योगदान से ही भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक देश बना
प्रधानमंत्री श्री मोदी ने डॉ. अम्बेडकर से जुड़े सभी स्थानों को पंचतीर्थ के रूप में मान्यता दी
सर्वहारा वर्ग का सशक्तिकरण सर्वोच्च प्राथमिकता का विषय है
डॉ. अम्बेडकर कामधेनु योजना सर्वहारा वर्ग और किसानों की समृद्धि को समर्पित
भीम जन्मस्थली से आरंभ नई ट्रेन से महू, सीधा देश की राजधानी दिल्ली से जुड़ा
भीम जन्मस्थली महू में धर्मशाला निर्माण के लिए सरकार देगी 3.5 तीन एकड़ जमीन
महू आने-जाने वालों की संपूर्ण सुविधा का प्रबंध सरकार की ओर से किया जाएगा
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने संवैधानिक सामाजिक न्याय : एक चिंतन पुस्तक का किया विमोचन
मुख्यमंत्री ने डॉ. अंबेडकर जयंती पर बाबा साहेब को अर्पित की श्रद्धांजलि
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भीम जन्मस्थली (महू) डॉ. अम्बेडकर नगर में कार्यक्रम को किया संबोधित
शहडोल 14 अप्रैल 2025-मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर ने 20वीं शताब्दी में ऐसे अनेकों उल्लेखनीय कार्य किए, जिनसे 1000 वर्ष की गुलामी की विसंगतियां दूर हुईं। इन्हीं के आधार पर आज भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतांत्रिक देश बना है। डॉ. अम्बेडकर के जीवन के योगदान बहुआयामी हैं, उन्हें भारत में भविष्य की चुनौतियों का आभास हो चुका था, यद्यपि उनका जीवन बहुत कठिनाई के साथ बीता, लेकिन वे ऐसे व्यक्ति थे, जिन्होंने स्वयं के संघर्ष से सीख ली और अपने जैसे दूसरे लोगों की मदद की। बाबा साहेब ने स्वयं की शिक्षा में कोई कसर नहीं रहने दी, इससे यह प्रेरणा मिलती है कि व्यक्ति के जीवन में शिक्षा में कभी कोई कमी नहीं रहनी चाहिए। बाबा साहेब डॉ. अम्बेडकर द्वारा समाज के बंधुत्व और उत्थान के लिए किए गए कार्य भूतो न भविष्यति हैं।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बाबा साहेब ने समूचे समाज को आरक्षण जैसी व्यवस्था प्रदान की। आज अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति सहित हर वर्ग को साक्षरता का लाभ मिल रहा है। अनुसूचित जाति वर्ग की साक्षरता जो कभी मात्र 1.5 प्रतिशत थी, आज 59 प्रतिशत तक पहुंच गई है। भविष्य में जब-जब कठिनाई आएगी, हम सर्वहारा वर्ग के सशक्तिकरण का ध्यान रखेंगे। डॉ. अम्बेडकर ने सामाजिक सशक्तिकरण के लिए मजबूत संविधान बनाया और देश को लोकतंत्र दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने डॉ. अम्बेडकर से जुड़े सभी स्थानों को पंचतीर्थ के रूप में मान्यता दी। महू स्थित भीम जन्मभूमि को तीर्थ के रूप में विकसित करने में मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री स्व. सुंदरलाल पटवा और श्री शिवराज सिंह चौहान का योगदान महत्वपूर्ण है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा भीम जन्मस्थली महू में धर्मशाला निर्माण के लिए 3.5 तीन एकड़ जमीन दी जा रही है। इससे यहां आने-जाने वाले श्रद्धालुओं को सुविधा होगी, सभी आगंतुकों की संपूर्ण सुविधा का प्रबंध राज्य सरकार की ओर से किया जाएगा। राज्य सरकार ने सर्वहारा वर्ग और प्रदेश के किसानों को समृद्ध बनाने के लिए डॉ. अम्बेडकर कामधेनु योजना शुरू की है। अगर अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग का कोई व्यक्ति दूध डेयरी खोलेगा, तो उसे हमारी सरकार द्वारा 30 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। केंद्र सरकार की ओर से एक दिन पहले ही भीम जन्मस्थली महू को नई ट्रेन की सौगात मिली है। अब महू शहर सीधा देश की राजधानी दिल्ली से जुड़ गया है। इस रेलगाड़ी की शुरुआत का लाभ कोटा के साथ-साथ मालवा क्षेत्र के इंदौर, उज्जैन और देवास को भी मिलेगा।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि लंदन में भी डॉ. अम्बेडकर का भव्य स्मारक बना है, इसी स्थान पर उन्होंने शिक्षा प्राप्त की थी। यह एक आवासीय क्षेत्र है। अंग्रेजों ने स्मारक बनाने का काफी विरोध किया, लेकिन प्रधानमंत्री श्री मोदी के प्रयासों से वहां भी तीर्थ का निर्माण हो चुका है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने धारा 370 हटाकर जम्मू-कश्मीर को उसका अधिकार वापस दिया है। बाबा साहेब डॉ.अम्बेडकर ने भी धारा 370 को स्वीकार नहीं किया था।
विचारक श्री मुकुल कानिटकर ने कहा कि 1891में आज के दिन महू से एक सकारात्मक क्रांति की शुरुआत हुई थी, एक क्रांति सूर्य का उदय हुआ था। डॉ. अम्बेडकर ने वर्ष 1916 में मात्र 27 वर्ष में अमेरिका के कोलंबिया विश्वविद्यालय से इकोनॉमिक्स की डिग्री प्राप्त की थी। कोलंबिया यूनिवर्सिटी में सिर्फ एक ही स्टैच्यू लगा है, वो बाबा साहेब अम्बेडकर का है। उन्होंने अर्थशास्त्र में पीएचडी और समाजशास्त्र व मानवशास्त्र में एमए किया। उस समय वे विश्व में सर्वाधिक डिग्री हासिल करने वाले व्यक्ति थे। वे किसी एक जाति-धर्म के नेता नहीं सर्वसमाज के नेता हैं। उन्होंने स्वयं शिक्षित होकर समाज को शिक्षित किया और समाज को रूढ़ीवाद से दूर कर सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया। प्रत्येक व्यक्ति के लिए बाबा साहेब के विचारों का अध्ययन आवश्यक है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और मंचासीन अतिथियों ने ‘संवैधानिक सामाजिक न्याय : एक चिंतन’ पुस्तक का विमोचन किया। कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री श्रीमती सावित्री ठाकुर, सांसद श्रीमती कविता पाटीदार, पूर्व मंत्री और विधायक सुश्री ऊषा ठाकुर सहित वरिष्ठ पदाधिकारी उपस्थित थे।
समा. क्र. 124
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भारत रत्न डॉ. अम्बेडकर की जयंती पर किया नमन
शहडोल 14 अप्रैल 2025-मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भारतीय संविधान के निर्माता, भारत रत्न बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर की जयंती पर उन्हें नमन किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोशल मीडिया पर अपने संदेश में कहा है कि डॉ. बाबा साहेब भीमराव अम्बेडकर ने समता, स्वतंत्रता और सामाजिक न्याय के मूल्यों से भारत के नवनिर्माण की नींव को मजबूत किया। आपके विचार, संघर्ष और नेतृत्व सभी भारतीयों के लिए आत्मगौरव का प्रतीक हैं, जो हमें विकसित और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की सतत प्रेरणा देते रहेंगे। उल्लेखनीय है कि डॉ. अम्बेडकर का जन्म 14 अप्रैल 1891 को इन्दौर के महू में हुआ था। उनका अवसान 6 दिसम्बर 1956 को दिल्ली में हुआ। वर्ष 1990 में, उन्हें भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान “भारत रत्न” से मरणोपरान्त सम्मानित किया गया।
समा. क्र. 125
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने महान खगोल शास्त्री व गणितज्ञ आर्यभट्ट की जयंती पर किया नमन
शहडोल 14 अप्रैल 2025-मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने महान खगोल शास्त्री व गणितज्ञ आर्यभट्ट की जयंती पर उन्हें नमन किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि शून्य की खोज से लेकर खगोलगणना तक, आर्यभट्ट का ज्ञान, भारत की बौद्धिक विरासत और भारतीयों के लिए गौरव का विषय है। इससे प्रेरणा लेकर वर्तमान पीढ़ी विज्ञान, गणित और नवाचार के नए आयाम गढ़ती रहेगी।
समा. क्र. 126
संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन के साथ करेंगे प्रदेश का विकास: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सम्राट विक्रमादित्य जैसे महानायक इतिहास नहीं बनते, इतिहास बनाते हैं
विक्रमोत्सव के दौरान एमपी टूरिज्म पेवेलियन और प्रदर्शनी का किया अवलोकन
केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री श्री नड्डा कार्यक्रम में हुए शामिल
शहडोल 14 अप्रैल 2025-मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में विरासत के विकास के संकल्प को लेकर दिल्ली में विक्रमोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। प्रदेश की संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन के साथ विकास की दिशा में कार्य किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने महानाट्य मंचन के मुख्य अतिथि केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण तथा रसायन और उर्वरक मंत्री श्री जे.पी. नड्डा का स्वागत करते हुए कहा कि श्री नड्डा मध्यप्रदेश के दामाद होने के नाते उनका प्रदेश से विशेष प्रेम और लगाव है। श्री नड्डा के मार्गदर्शन में प्रदेश विकास की राह पर अग्रसर है। सम्राट विक्रमादित्य महानाट्य का जब भी मंचन हुआ है, श्री नड्डा ने हमेशा अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि सम्राट विक्रमादित्य ने शक और हूण जैसे आक्रांताओं को परास्त कर सुशासन स्थापित किया। भगवान श्री राम के बाद सम्राट विक्रमादित्य का काल विनम्रता से शासन करना सिखाता है। सम्राट विक्रमादित्य जैसे महानायक इतिहास नहीं बनते, इतिहास बनाते हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह बात दिल्ली के लाल किले में विक्रमोत्सव के दौरान चित्र प्रदर्शनी और एम पी पेवेलियन के अवलोकन के दौरान मीडिया से कही। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि दिल्ली में सम्राट विक्रमादित्य के महानाट्य के मंचन के साथ सरकार की जनहितैषी और कल्याणकारी योजनाओं, संस्कृति और पर्यटन की जानकारी के साथ प्रदेश में निवेश के अवसरों को प्रदर्शित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव के साथ उप मुख्यमंत्री द्वय श्री जगदीश देवड़ा, श्री राजेंद्र शुक्ल, संस्कृति और पर्यटन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री धर्मेंद्र भाव सिंह लोधी के साथ गणमान्य नागरिक और समाजसेवी थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विक्रमादित्य क़ालीन पुरातात्विक मुद्रा मुद्रांक, बृहत्तरभारत के सांस्कृतिक वैभव, मध्यप्रदेश में पर्यटन की संभावनाओं, प्रदेश में निवेश तथा रोज़गार सृजन के अवसरों में लोकव्यापी विस्तार के प्रयासों पर केंद्रित प्रदर्शनियो का अवलोकन किया। एमपी पेवेलियन के अवलोकन के दौरान डिंडोरी की गोंड पेंटिंग, स्थानीय कला बाग प्रिंट की साड़ियों, लड़की के खिलौनों, जरी जरदोजी कला, टेराकोटा कला के कलाकारों से परिचय लिया। उनके उत्पादों के बारे में जानने के साथ कलाकारों का उत्साहवर्धन भी किया। कलाकारों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव को सम्मानस्वरूप गोंड पेंटिंग, जरी जरदोजी फोटो फ्रेम भेंट किया। साथ ही प्रदेश के पर्यटन स्थलों के साथ स्थानीय संस्कृति और कला को प्रदर्शित करते एमपी टूरिज्म पेवेलियन की सराहना की।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कलाकार श्री संतोष से उत्पाद खरीद कर बढ़ाया हौसला
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अवलोकन के दौरान मंडला से खजूर शिल्प के उत्पादों का भी अवलोकन किया। कलाकार श्री संतोष खड़से ने अपने उत्पादों के बारे में मुख्यमंत्री डॉ. यादव को बताया कि खजूर की पत्तियों से सजावट और घरेलू उपयोग के लगभग 200 डिजाइन और उत्पादों को बनाया जाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव के प्रयासों से ही उसके उत्पादों का राजधानी दिल्ली में प्रदर्शित और बिक्री होना संभव हो पाया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कलाकार श्री संतोष खड़से की कला की सराहना की और स्वयं एक पुष्प खरीदते हुए एक हजार रुपए उत्साहवर्धन स्वरूप दिए।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने केंद्रीय मंत्रिमंडल और दिल्ली के मंत्रि-परिषद के सदस्यों का विक्रमोत्सव में भाग लेकर हौसला बढ़ाने के लिए आभार माना। साथ ही दिल्ली में महान सम्राट विक्रमादित्य के गौरवशाली इतिहास को प्रदर्शित करने के लिए संस्था विशाला सांस्कृतिक एवं लोकहित समिति और कलाकारों का अभिनंदन भी किया।
समा. क्र. 127

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