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12 दिनों से है पटवारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जनता हो रही है परेशान

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शहडोल। ज्ञात है की पटवारी संघ द्वारा अपनी तीन सूत्री मांगों को लेकर सम्पूर्ण मध्यप्रदेश में अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन किया जा रहा है धरना प्रदर्शन का असर आम जन वा किसानों के जीवन पर पड़ने लगा है वहीं शहडोल में भी पटवारियों का धरना प्रदर्शन अनवरत जारी है जहां हड़ताल की वजह से आम जन हलकान है
12 दिन से हड़ताल पर 19 हजार पटवारी
19 हजार पटवारियों के एक साथ हड़ताल करने की वजह से आम जनता को तमाम परेशानियों का सामने करना पड़ रहा है. उनका कामकाज काफी प्रभावित हो रहा है. बावजूद इसके सरकार का इन पर कोई ध्यान अब तक नहीं गया है. पिछले एक हफ्ते से चल रही हड़ताल की वजह से नामांतरण,जाति प्रमाणपत्र, फसल गिरदावरी, EWS प्रमाणपत्र के साथ कई काम आम जनता के अटके हुए हैं, जिसकी वजह से वह बहुत ही परेशान है. हालांकि जिला कलेक्टरों ने वैकल्पिक व्यवस्था के रूप में पटरावियों के काम आरआई को सौंपे हैं
कामकाज ठप, जनता परेशान
बता दें कि मध्य प्रदेश के 19 हजार पटवारी 28 अगस्त से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर है. पिछले 25 सालों से वेतन न बढ़ने को लेकर उनके भीतर बहुत ही रोष है. हड़ताल को आज बारह दिन हो गए हैं लेकिन अब तक उनकी परेशानी का कोई हल नहीं निकल सका है. पटवारियों का आंदोलन तो जून महीने से ही चल रहा है. उन्होंने अपनी पांच सूत्रीय मांगों का ज्ञापन भी कई बार सरकार तक पहुंचाया है लेकिन सरकार की तरफ से उनको कोई आश्वासन नहीं मिला. जिसके बाद उन्होंने अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का ऐलान कर दिया.
सरकार नहीं दे रही मांगों पर ध्यान
पटवारी 24 अगस्त से अवकाश पर थे लेकिन 28 अगस्त को उन्होंने अनिश्चितकालीन हड़ताल का ऐलान कर दिया था. अब तक उनकी हड़ताल जारी है. इसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है. बता दें कि राज्य के 19 हजार पटवारी अपनी पांच सूत्रीय मांगों को लेकर बारह दिन से हड़ताल पर हैं. इनमें पटवारियों की सैलरी 2800-ग्रेड-पे करना, समय-समय पर पद बढ़ाना, घर का किराया भत्ता, यात्रा किराया भत्ता मिलना शामिल है. हालांकि 12 दिन बीतने के बाद भी उनकी समस्याओं को कोई समाधान नहीं निकल सका है.

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