ढाई वर्षो से थाना व कोतवाली के चक्कर काट रहा पीड़ित
शहडोल! मामला 24 जून 2019 का जहां पर पीड़ित ने सोनालिका ट्रैक्टर एजेंसी के एजेंट अमित तिवारी द्वारा धोखाधड़ी कर बैंक से 400000 रुपए गमन करने का लगाया था आरोप ज्ञात हो कि सोहन सिंह पिता शंभू सिंह निवासी ग्राम डोगरी टोला थाना जैतपुर शहडोल ने आरोप लगाते हुए बताया कि अमित तिवारी एजेंट द्वारा पीड़ित को ट्रैक्टर फाइनेंस कराया गया ट्रैक्टर देने के समय यह बोला गया कि ट्रैक्टर हम तुम्हें जीरो फाइनेंस में करा देंगे और इसका केसीसी बनवा देते हैं और आए दिन एजेंट अमित तिवारी पीड़ित के घर जाने लगा जिस पर पीड़ित द्वारा ट्रैक्टर ले लिया गया और एजेंट अमित तिवारी केसीसी के नाम पर सभी दस्तावेजों में पीड़ित एवं पीड़ित के पुत्र का हस्ताक्षर करा कर उनके सभी दस्तावेज जैसे आधार कार्ड पैन कार्ड और ऋण पुस्तिका रखकर पीड़ित को एसबीआई बैंक लेकर आए और पीड़ित से फार्म हस्ताक्षर करा कर पीड़ित के ही द्वारा 400000 रुपए निकाल लिया गया पीड़ित के पूछने पर एजेंट अमित तिवारी द्वारा बोला गया कि यह पैसे आपके एडवांस किस्त के नाम पर जमा रहेगा आपको किस्त नहीं देना पड़ेगा यह कहकर सुबह से लेकर शाम तक पीड़ित को यहां से लेकर वहां तक घुमाया गया उसके बाद पीड़ित अपने घर चला गया यह सोच कर कि हमने जो ट्रैक्टर लिया है उसका किस्त तो एडवांस ही जमा हो गया है पर गरीब पीड़ित को यह नहीं पता था कि एजेंट अमित तिवारी द्वारा 400000 रुपए का गमन कर दिया गया है यह बात पीड़ित को 6 माह बाद पता चला जब पीड़ित के पुत्र के फोन पर कंपनी से यह कॉल आता है कि आपका किस्त अभी तक जमा नहीं हुआ है तब पीड़ित को पता चला कि हमारे साथ कहीं ना कहीं धोखाधड़ी हुआ है पीड़ित द्वारा कंपनी को यह बोला गया कि हमने तो किस्त एडवांस ही 400000 रुपए जमा कर दिए हैं पर कंपनी द्वारा यह कहा गया कि आपका किस्त नहीं जमा हुआ है अगर आप किस्त नहीं जमा करेंगे तो गाड़ी आपकी खींच जाएगी और 10 माह बाद कंपनी द्वारा गाड़ी को खींच लिया गया गाड़ी खींच जाने के बाद पीड़ित के द्वारा थाना एवं पुलिस अधीक्षक से शिकायत करते हुए बताया कि सोनालिका ट्रैक्टर के एजेंट अमित तिवारी द्वारा हमारे साथ धोखाधड़ी किया गया है और पीड़ित के सभी दस्तावेज अभी तक एजेंट अमित तिवारी के पास ही है पर यह शिकायत करने के बाद भी पुलिस द्वारा आज दिनांक तक कोई जांच ना कोई कार्यवाही की गई बस पीड़ित को थाना व कोतवाली के चक्कर काटना पड़ रहा है पीड़ित का कहना है कि पीड़ित की जमीन भी बैंक में केसीसी के रूप में गिरवी पड़ी है और बैंक वाले भी पीड़ित से पैसा मांगते हैं और आखिर अब पीड़ित जाए तो जाए कहां जमीन भी चली गई और ट्रैक्टर भी चला गया और जो भी रुपए बैंक में पड़े थे वह एजेंट अमित तिवारी द्वारा धोखाधड़ी से निकाल लिए गए अब पीड़ित का कहना है कि अब तो एक ही चारा है कि आत्महत्या कर ले पीड़ित सोहन सिंह द्वारा बताया गया कि अगर ऐसी कोई घटना होती है तो जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी अमित तिवारी की होगी!
पुलिस पर उठे सवालिया निशान…!
पीड़ित द्वारा एजेंट अमित तिवारी से अपने पैसे मांगने पर एजेंट अमित तिवारी के द्वारा गाली गलौज किया गया जिसकी शिकायत पीड़ित अजाक थाना शहडोल 16 अक्टूबर 2020 को किया गया था पर अजाक थाना द्वारा भी कोई कार्यवाही नहीं की गई फिर इसके बाद कोई कार्यवाही ना होने पर पीड़ित द्वारा पुलिस अधीक्षक शहडोल को शिकायत की गई तो पीड़ित को थाना सोहागपुर के द्वारा फोन के माध्यम से पीड़ित को थाना सोहागपुर बुलाया गया और पीड़ित को यह कहा गया कि यह मामला हमारे थाना का नहीं यह मामला कोतवाली शहडोल का है आप वहां जाएं इसी तरह करते करते आज ढाई वर्ष बीत गए पर पीड़ित को किसी प्रकार का न्याय नहीं मिला पीड़ित सिर्फ थाना व कोतवाली के चक्कर काट रहा है और पीड़ित का सभी शिकायत फाइलों तक ही सीमित रह गया इसमें तो यह साबित होता है कि कहीं ना कहीं सवालों के घेरे में स्थानीय प्रशासन है!




Subscribe to my channel
Comments are closed.