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डॉक्टरो के अथक प्रयासो से दो जुडवे बच्चियों ने जीती जिंदगी की जंग

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खुशियो की दास्तॉ

-मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार और सुदृढ़ीकरण किया जा रहा है। शासकीय अस्पतालों को आधुनिक संसाधनों से सुसज्जित किया जा रहा है तथा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, टीकाकरण अभियान, आयुष्मान भारत योजना, आरबीएसके, जननी सुरक्षा योजना सहित विभिन्न योजनाएं संचालित कर जरूरतमंद लोगो को सहायता प्रदान
जिला मुख्यालय स्थिति शासकीय कुषाभाउ ठाकरे जिला अस्पताल में भी बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की जा रही है। छत्तीसगढ़ प्रदेश के जिला कोरिया की रहने वाली विमला देवी मौर्य पति जितेन्द्र मौर्य ने जिला अस्पताल शहडोल में केवल 6.5 माह में ही 16 जुलाई को जुड़वे बच्चियों को जन्म दिया, पहली बच्ची का जन्म 3.45 बजे जन्मी जिसका वजन सिर्फ 940 ग्राम था, वह अत्यंत कमजोर थी और सांस लेने मंे तकलीफ हो रही थी। बच्ची को तत्काल जिला अस्पताल शहडोल के एसएनसीयू में भर्ती कराया गया और वेंटीलेटर पर रखा गया, प्रीमट्युरिटी के कारण बच्ची के फेफड़े सांस लेने लायक स्थिति मंे नहीं थे, जिसके लिए सरफेक्टन्ट (फेफड़ों कों फूलनाने मे मदद करने वाली दवा) दिया गया। इसके साथ ही ह्रदय गति कों कण्ट्रोल करने वाली दवाओं प्रारंभ की गई है।
दूसरी बच्ची का जन्म सुबह 7.45 पर हुआ जिसका वजन भी सिर्फ 1.23 किला था इसे भी सांस लेने मे काफ़ी दिक्कत हो रही थी, बच्ची कों तत्काल सीपीएपी मशीन मे रखते हुए इलाज शुरू किया गया और 56 दिनों के गहन चिकित्सा के बाद जिला चिकित्सालय के डॉक्टर्स, स्टॉफ नर्स के अथक प्रयासो से पहली बच्ची का वजन 1.21, दूसरी बच्ची का वजन 1.46 हो गया अब दोनों बच्चिया पूर्णतः स्वस्थ्य है।
बच्ची की मॉ विमला देवी मौर्य ने कहा कि मेरे बच्चियो को चिकित्सालय में किये गए उपचार से नया जीवन मिला। मै प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एवं जिला चिकित्सालय के डॉक्टरो का तहेदिल से धन्यवाद देती हूं कि शासकीय अस्पतालों में भी निजी अस्पतालो जैसी सुविधाए सुनिश्चित की जा रही है और जरूरतमंद लोगो को उन सुविधाओ का लाभ मिल रहा है।

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